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Articles in Hastrekha Category

अंगूठे का हथेली अध्ययन में महत्व | Significance of the thumb in studying a palm

अंगूठे केवल केरोमनोमी में नहीं बल्कि काइरमैन्सी के अध्ययन में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है. हस्तरेखा शास्त्र में की गई भविष्यवाणियों केवल लाइनों द्वारा प्रतिनिधित्व तथ्यों पर ही आधारित नही होती.

शनि अंगुली द्वारा फलकथन | Predictions for Saturn Finger

हस्त रेखा विज्ञान | Science of Palmistry आज के युग मे हर व्यक्ति किसी ना किसी गूढ़ विद्या के माध्यम से अपना भविष्य फल जानने की इच्छा रखता है. वर्तमान समय में आधुनिकरण के कारण जातक घर बैठै ही इन्टरनेट

उंगुलियों के जोड़ | The Joints of the Fingers

हस्तरेखा शास्त्र मे उंगलियों के जोड़ों के अध्ययन का बहुत महत्व है। जोड़ों का स्थूल रूप कार्य के क्षेत्र में जहां व्यक्ति सक्रिय होता है, उसको निर्धारित करता हैं। यह व्यक्ति में उंगलियों से संबंधित

वर्गाकार हाथ और उसके उप खण्ड | The Square Hand and its Subdivisons

जिस हाथ की हथेली और उंगलिया वर्गाकार होती है उसे वर्गाकार हाथ के रूप में जाना जाता है। इस तरह के हाथ बहुत आम हैं और जीवन के कई क्षेत्रों में यह देखे जा सकते हैं। सामान्यतः ऐसे हाथ के नाखून छोटे और

ग्रिल, ला क्रोइक्स मिस्टिक और सोलोमन वलय | The Grille, La Croix Mystique and the Ring of Solomon

ग्रिल (रेखाओं का जाल) | The Grille ग्रिल हाथ पर बहुत कम देखा जाता है। यह अधिकतर हथेली में पर्वत पर मौजूद होता है। यह एक बिंदु के माध्यम से हाथ की ऊर्जा को नष्ट करता है। हाथ में इन संकेतों की उपस्थिति

हथेली पर विभिन्न चिन्हों का महत्व | Significance of other Chinh (Marks) on a Palm

त्रिभुज | Tribhuj त्रिभुज को हथेली पर विशिष्ट और स्पष्ट चिन्ह के रूप में देखा जा सकता है और यह परस्पर दो रेखाओं के कटने से नहीं बनता। यह एक अच्छा व भाग्यशाली संकेत माना जाता है लेकिन यह तब अधिक

प्राथमिक या निम्नतम प्रकार का हाथ | The Elementary or Lowest type of Hand

इस तरह के हाथ निम्न मानसिकता से प्रभावित के लोगों में पाया जाता है। यह खुरदरे, स्थूल, साथ ही बड़े, और भारी हथेली वाले होते हैं। इनकी उँगलियां और नाखून छोटे और स्थूल होते हैं। हथेली इतनी छोटी होती है

शंक्वाकर हाथ या शांकव हाथ | The Conic Hand in Hastrekha

शांकव हाथ में मध्यम आकार की हथेली, शंकुकार उंगलियों और शंक्वाकार नाखून होते हैं। नुकीले नाखून और हाथ पूर्ण रूप से एक शंकु की उपस्थिति देता है। इसका आकार, हाथ के दूसरे प्रकार अर्थात मानसिक हाथ जैसा ही

हृदय रेखा के विभिन्न पदों के प्रतिनिधित्व | Representations of Various Positions of Hardy Rekha

हृदय रेखा की स्थिति व्यक्ति के भीतर मौजूद रोमांटिक संभावनाओं को निर्धारित करने में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। इस रेखा कि विभिन्न प्रकार की स्थिति द्वारा विपरीत लिंगों के बीच आकर्षण, प्रेम,

हाथों और उंगलियों की आकृतियाँ | Shapes of Hands and Fingers

हस्तरेखा शास्त्र में हाथ का संपूर्णता से अध्ययन किया जाना चाहिए। इसलिए, हस्तरेखा शास्त्र को दो वर्गों में अर्थात कीरोनोमी और कीरोमेन्सी मे विभाजित किया गया है। हस्तरेखा शास्त्र की पहली शाखा मे हाथों

आकृति के आधार पर हृदय रेखा का प्रतिनिधित्व | Representations of Hriday Rekha (Heart line) on the basis of Shape

ह्र्दय रेखा का आरंभ तर्जनी उंगली के नीचे हथेली को पार करता हुआ कनिष्ठा पर समाप्त होता है। यह रेखा जीवनरेखा और मस्तिष्क रेखा के ऊपर हथेली के शीर्ष पर स्थित है। यह रोमांटिक संभावनाओं, विपरीत लिंग के

शुक्र का घेरा, शनि का वलय और तीन मणिबंध रेखा | The Girdle of Shukra, The Ring of Shani and Three Manibandh Rekha

शुक्र का घेरा | The Girdle of Shukra अर्धवृत्त का आरंभ तर्जनी और मध्यमा उंगली से और समाप्त कनिष्ठा और अनामिका के आधार के बीच होता है इसे ही शुक्र का घेरा कहते हैं।यह व्यक्ति को बेहद संवेदनशील और एक

द्वीप, चक्र और धब्बे | The Island, the Circle and the Spot

द्वीप | An Island द्वीप को अधिकतर दुर्भाग्यपूर्ण संकेत माना जाता है। लेकिन यह हाथ की रेखा या जिस स्थान पर यह पाया जाता है उसके महत्व को दर्शाता है। अक्सर यह वंशानुगत बुराइयों को बताता है। उदाहरण के

हाथों की उँगलियों और पर्वत पर स्थित तारे का महत्व | The Star on various Parvat and Fingers

हाथों पर स्थित तारे की उपस्थिति महत्वपूर्ण प्रभाव को दर्शाती है, तथा हाथों की उंगलियों में या हथेली पर बना तारे का चिन्ह जहाँ भी स्थित होता है यह उस स्थान को महत्वपूर्ण बना देता है। यह एक अच्छा संकेत

हथेली पर क्रॉस का महत्व | The Significance of Cross in a Palm

हथेली के अध्ययन में क्रॉस का चिन्ह बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है। क्रॉस की विशेषताएँ तारे के विपरीत हैं और यह कभी कभार ही शुभ संकेत के रूप को दर्शाता है। यह मुसीबत, निराशा, खतरा और कभी कभी जीवन में

हाथ में विभिन्न रेखाओं और पर्वत पर वर्ग चिन्ह | The Square on various Lines of Hand and Parvat (Mounts)

वर्ग हाथ पर सबसे दिलचस्प चिन्ह है, यह बहुत कम पाए जाते हैं। प्राय: इसे संरक्षण के चिन्ह के रूप में व्यक्त किया जाता है क्योंकि जहां से ं यह शुरू से होता है वहाँ की गतिविधियों को सुरक्षा प्रदान करता

हस्तकला और विज्ञान | Hastkala and Vigyan

प्रसिद्ध हस्तरेखाविद पूरी दुनिया भर में हस्तरेखा को केवल आने वाली घटनाओं की भविष्यवाणी के लिये विज्ञान के रुप मे प्रयोग करते हैं। यह चमत्कारी विज्ञान नहीं है। इसका उपयोग दुर्घटना से बचने के लिये

शुक्र पर्वत के सामान्य लक्षण | General Characteristics of Shukra Parvat (Mount of Venus)

हथेली पर अंगूठे के आधार पर स्थित पर्वत, शुक्र पर्वत कहलाता है। यह अनुग्रह, आकर्षण, वासना और सौंदर्य की उपस्थिति या अनुपस्थिति को दर्शाता है।यह प्रेम और साहचर्य की इच्छा और सौंदर्य की हर रूप में पूजा

हाथ की मुख्य रेखाएं | Study of Lines in Hastrekha (Palmistry)

हस्तरेखा शास्त्र में हथेली की रेखाओं का विशेष महत्व है। इसमे सम्मलित लक्षण जैसे क्रास, सितारे, वर्गों और अर्धचन्द्राकार का अध्ययन हथेली द्वारा किया जाता है। यह रेखाएं व्यक्ति का भविष्य, शुभ संकेत और

चंद्रमा पर्वत के सामान्य लक्षण | General Characteristics of Chandra Parvat (Mount of Moon)

चंद्र पर्वत, अंगूठे के सामने हथेली के आधार पर स्थित होता है। यह पर्वत एक मजबूत कल्पना शक्ति को दर्शाता है। यह लोगों में भावनात्मक या कलात्मक और सौंदर्य, रोमांस, रचनात्मकता, आदर्शवाद आदि को प्रदर्शित